Sukma
सुकमा जिला के अंतर्गत आने वाले थाना किस्टाराम क्षेत्र के सुदूर ग्राम पोट्टेमंगू में ‘निवा दुवड़ ते’ अभियान के तहत सुकमा पुलिस ने जनसंपर्क कार्यक्रम आयोजित कर ग्रामीणों से सीधा संवाद किया। भारी बारिश और दुर्गम रास्तों के बावजूद पुलिस टीम गांव पहुंची और ग्रामीणों के बीच बैठकर उनकी समस्याएं एवं आवश्यकताएं सुनीं।
पुलिस अधीक्षक मयंक गुर्जर के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रोहित शाह एवं मनोज तिर्की के मार्गदर्शन में आयोजित कार्यक्रम का उद्देश्य दूरस्थ एवं पूर्व नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में पुलिस की पहुंच बढ़ाने और ग्रामीणों के साथ विश्वास का रिश्ता मजबूत करना रहा। इस दौरान ग्रामीणों ने अपने दैनिक जीवन से जुड़ी विभिन्न समस्याएं पुलिस अधिकारियों के समक्ष रखीं।
पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों से पुलिस एवं प्रशासन का सहयोग करने तथा माओवादी विचारधारा से दूर रहकर क्षेत्र में शांति और विकास में सहभागी बनने की अपील की। अधिकारियों ने कहा कि पुलिस से डरने की जरूरत नहीं है, बल्कि पुलिस और ग्रामीण मिलकर क्षेत्र की सुरक्षा, शांति एवं विकास के लिए काम करें ।
बच्चों की शिक्षा पर विशेष जोर

कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीण बच्चों से उनकी पढ़ाई, स्कूल जाने और भविष्य की योजनाओं को लेकर बातचीत की। बच्चों को नियमित रूप से स्कूल जाने और मन लगाकर पढ़ाई करने के लिए प्रेरित किया गया।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मनोज तिर्की ने बच्चों से पहाड़ा एवं गिनती पूछकर उनका उत्साह बढ़ाया। सही जवाब देने वाले बच्चों की सराहना करते हुए उन्हें चॉकलेट एवं बिस्किट वितरित किए गए।
थाना किस्टाराम पुलिस ने ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और उनके निराकरण के लिए आवश्यक पहल करने का आश्वासन दिया। कार्यक्रम में थाना प्रभारी किस्टाराम प्रदीप जान लकड़ा सहित पुलिस टीम मौजूद रही।
‘निवा दुवड़ ते’ अभियान के जरिए सुकमा पुलिस का संदेश साफ है—दूरियां चाहे कितनी भी हों, पुलिस ग्रामीणों के द्वार तक पहुंचकर सुरक्षा, सेवा और विश्वास का रिश्ता मजबूत करेगी।






